आगरा। सरवोत्तम सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल, आगरा में एक बच्चे के हाथ की उंगली में गहराई तक फंसी धातु की वस्तु को सफलतापूर्वक निकालकर उसकी उंगली को सुरक्षित बचा लिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, बच्चे के हाथ की उंगली में एक धातु की नुकीली एवं मजबूत वस्तु इस प्रकार फंस गई थी कि उसे सामान्य तरीके से निकालना बेहद मुश्किल था। चोट के कारण उंगली के आसपास के ऊतकों और महत्वपूर्ण संरचनाओं को नुकसान पहुंचने का खतरा था। ऐसी स्थिति में जरा सी लापरवाही से उंगली की कार्यक्षमता प्रभावित हो सकती थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ बाल शल्य चिकित्सक डॉ. राहुल देव शर्मा ने विशेषज्ञ टीम के साथ बच्चे का उपचार किया। सावधानीपूर्वक शल्य प्रक्रिया द्वारा धातु की फंसी हुई वस्तु को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस दौरान उंगली की महत्वपूर्ण संरचनाओं को सुरक्षित रखने पर विशेष ध्यान दिया गया।
डॉ. राहुल देव शर्मा ने बताया कि हाथ और उंगलियों की चोटों में केवल बाहरी घाव देखना पर्याप्त नहीं होता। इनमें नसों, रक्त वाहिकाओं, टेंडन और आसपास के ऊतकों को नुकसान पहुंचने की आशंका रहती है। इसलिए समय पर विशेषज्ञ द्वारा उपचार बेहद आवश्यक है।
समय पर उपचार और सावधानीपूर्वक सर्जरी के परिणामस्वरूप बच्चे की उंगली को बचाने में सफलता मिली।
डॉ. शर्मा ने अभिभावकों से अपील की कि यदि किसी बच्चे के हाथ या पैर में लोहे की रॉड, तार, नुकीली धातु अथवा कोई अन्य बाहरी वस्तु फंस जाए तो उसे स्वयं खींचकर निकालने का प्रयास न करें। इससे रक्तस्राव और अंदरूनी चोट बढ़ सकती है। ऐसी स्थिति में तुरंत नजदीकी अस्पताल के विशेषज्ञ चिकित्सक से संपर्क करें।
सरवोत्तम सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल, आगरा में बच्चों की जटिल शल्य चिकित्सा एवं आपातकालीन उपचार के लिए विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध हैं।
